बेनीवाल ने खुमा राम के लिए किया सड़क से सदन तक संघर्ष

बेनीवाल ने सदन में खुमा राम को शहीद का दर्जा देने की मांग उठाई  

कानून व्यवस्था को आड़े हाथों लेते हुए निर्दलीय विधायक हनुमान बेनीवाल ने पुलिस की नाकामी पर अफसोस जाहिर किया। इसके साथ ही सदन में हंगामा शुरू हो गया। गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया ने हर बार की तरह इस बार कहा- जब तक यह गैंगस्टर पकड़ा नहीं जाता, वे चैन से नहीं बैठेंगे।

 

पुलिसकर्मी को शहीद का दर्जा दो :- हनुमान बेनीवाल

  • सदन में हनुमान बेनीवाल ने कहा- नागौर मे हुई गैंगवार घटना मे बदमाशों से मुठभेड़ मे शहीद हुए खुमाराम को शहीद का दर्जा दिया जाए।
  •  मृतक के आश्रित को सरकारी नौकरी व परिजनों को एक करोड़ रुपए की राशि भी दे सरकार।
  • आनंदपाल और राजू ठेहट सहित पनप रही गेंगों के खात्मे के लिए विशेष अभियान चलाने की भी बात सदन में रखी।
  • बेनीवाल ने फ़ैज़ मोहम्मद और नोखा के पास पांचू थाने के सिपाही उमाराम की बदमाशों से हुई मुठभेड़ का भी जिक्र किया

 

khuma ram kaswa
शहीद खुमा राम कंस्वा

 

पुलिस अपराधियों को खत्म करने में सक्षम, लेकिन गृह विभाग नहीं दे रहा उन्हें छूट :- बेनीवाल 

बेनीवाल ने कहा की पुलिस तंत्र मे भी कुछ गंदगी है जिसे सही करना आवश्यक है क्योंकि जयपुर के मानसरोवर से अपराधी भागते हैं और 300 किलोमीटर से भी ज़्यादा का सफर तय करके नागौर मे पुलिस से मुठभेड़ करते हैं। जयपुर से नागौर के बीच पुलिस क्या कर रही थी।

 

यूं बोले गृह मंत्री कटारिया

गृह मंत्री गुलाब चन्द कटारिया ने कहा, मानता हूं की इस तरह की घटनाओं से प्रदेश का माहौल खराब हो रहा है, मगर हम भी अपराधियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने मे कोई कसर नही रख रहे। पुलिस नियमावली मे जो भी मदद और व्यवस्था है, उसके अनुसार हम पूरा प्रयत्न करेंगे की जल्द से जल्द आर्थिक संबल मृत सिपाही के परिजनों को मिले। वर्तमान मे शहीद का दर्जा देने का प्रावधान राज्य मे नही हैं, लेकिन सदन में मांग की है। ऐसे में पुलिस का हौसला बुलंद हो इसके लिए पड़ोसी राज्यों से चर्चा करके इस दिशा मे विचार किया जाएगा।

 

क्या हुआ था मुठभेड़ के दौरान

  • नागौर (राजस्थान) में 21 मार्च की एक गैंगस्टर को खत्म करने पहुंचे दूसरी गैंग के शार्प शूटर्स का पुलिस से एनकाउंटर हो गया।
  • नाकेबंदी के दौरान इन गैंगस्टर्स ने एके47 से पुलिस पर गोलियां चला दीं। इसमें जवान खुमाराम की मौत हो गई।
  • अलाय गांव के पास उन्हें बदमाशों की फॉरच्यूनर गाड़ी नजर आई तो उन्होंने उनका पीछा शुरू कर दिया।
hanuman beniwal on gaulodi highway
खुमा राम को शहीद का दर्जा दिलवाने  के लिए ग्रामीणों के साथ  फलौदी हाईवे पर बेठे हनुमन बेनीवाल

 

बदमाशों का किया था पीछा

  • गांव में वे बदमाशों की गाड़ी से महज 15 मीटर की दूरी पर थे तो उन्होंने अधिकारियों से उन्हें पकड़ने के लिए परमिशन मांगी।
  • लेकिन हथियारों से लैस बदमाशों के क्रॉस फायरिंग करने की स्थिति में गांव वालों की जान पर जोखिम होने की आशंका के चलते उन्होंने पीछा जारी रखा।
  • इसके बाद गुढ़ा से कालड़ी रोड पर उन्हें रोड के किनारे बदमाशों की कार दिखाई दी तो वे गाड़ी 100 मीटर दूरी पर खड़ी कर उन्हें पकड़ने के लिए उतरे।
  • हरेंद्र के अनुसार वह ड्राइवर सीट के पास और खुमाराम ड्राइवर के पीछे की सीट पर बैठा था।
    दोनों ही सबसे पहले नीचे उतरे तो बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी।
  • फायरिंग में खुमाराम के कमर के नीचे दो गोलियां लगने पर उसने कहा, यार मुझे गोली लग गई।
    इस पर उसने भी अपने पैर दिखाते हुए कहा, यार मुझे भी गोलियां लग गईं।
  • इसके बावजूद दोनों ने अपनी टीम के साथ बदमाशों पर करीब 14 राउंड फायर किए।
  • खुमाराम कुछ देर बाद जमीन पर गिर गया, हरेंद्र उसे कवर कर उठाने गया तो हरेंद्र के आंख के पास से एक गोली गुजरी, इसके बाद बदमाश मौके से फरार हो गए।

 

खुमाराम को मिला यह पैकेज

आईजी मालिनी अग्रवाल ने बताया कि खुमाराम के परिवार को 20 लाख रुपए का पैकेज, मृत आश्रित परिवार के सदस्य को नौकरी पुलिस वेलफेयर से अन्य मदद के साथ साथ गैलेंट्री मैडल दिया जाएगा। आईजी ने बताया कि डीजीपी मनोज भट्ट ने यह निर्णय लिया कि ऐसी घटनाओं को मध्य नजर रखते हुए पुलिस विभाग एक एक दिन की सैलेरी का सहयोग देकर ऐसे मामलों में आगे से मदद की योजना बनाकर काम करेगा। और साथ ही नागौर रेलवे स्टेशन के बहार खुमा राम की प्रतिमा का आनावरण भी किया गया।

One thought on “बेनीवाल ने खुमा राम के लिए किया सड़क से सदन तक संघर्ष

  • June 26, 2017 at 9:48 PM
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    जय हनुमान………. जय हो…

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